LPG
हम सब रोज़ LPG सिलेंडर का इस्तेमाल करते हैं।
सुबह चाय बनानी हो, सब्ज़ी बनानी हो या रोटी पकानी हो — गैस स्टोव के बिना काम मुश्किल है।
लेकिन क्या आपने कभी सोचा है कि सिलेंडर के अंदर असल में क्या होता है?
और जब हम knob घुमाते हैं तो गैस आखिर चूल्हे तक कैसे पहुँचती है?
चलिये इसे आसान भाषा में समझते हैं।
LPG आखिर होती क्या है?
LPG का मतलब होता है Liquefied Petroleum Gas।
यह असल में दो गैसों का mixture होता है:
- Propane
- Butane
इन दोनों गैसों को high pressure पर सिलेंडर के अंदर liquid form में भर दिया जाता है।
इसी वजह से एक सिलेंडर में काफी ज़्यादा fuel store किया जा सकता है।

LPG गैस कहाँ से आती है?
काफी लोग सोचते हैं कि LPG सीधे सिलेंडर में बनती है, लेकिन ऐसा नहीं है।
असल में LPG दो जगहों से मिलती है:
1 Crude oil refinery
Crude oil यानी कच्चा तेल, जो जमीन के नीचे से निकाला जाता है।
जब इस crude oil को oil refinery में ले जाया जाता है, तो उसे बहुत बड़ी मशीनों और towers में heat करके अलग-अलग हिस्सों में बाँटा जाता है। इस process को fractional distillation कहा जाता है।
इस process में crude oil से कई products निकलते हैं, जैसे:
- Petrol
- Diesel
- Kerosene
- Aviation fuel
- Bitumen
- और LPG
Refinery के अंदर जब crude oil को गर्म किया जाता है, तो उसमें से कुछ हल्की गैसें (light hydrocarbons) निकलती हैं। इन्हीं गैसों में propane और butane भी होते हैं।
इन gases को:
- collect किया जाता है
- clean किया जाता है
- और फिर compress करके liquid LPG में बदल दिया जाता है
इसके बाद यही LPG storage tanks में रखी जाती है और बाद में cylinders में भर दी जाती है।

2 Natural gas processing
LPG का दूसरा बड़ा source है natural gas।
Natural gas जमीन के नीचे गैस के रूप में पाई जाती है।
जब इसे gas processing plant में लाया जाता है, तो इसे साफ और अलग किया जाता है।
Natural gas में कई components होते हैं, जैसे:
- Methane
- Ethane
- Propane
- Butane
Processing plant में methane को अलग कर दिया जाता है क्योंकि वही pipeline gas के रूप में इस्तेमाल होता है।
लेकिन propane और butane को अलग करके compress किया जाता है, और यही मिलकर LPG बनाते हैं।

फिर LPG सिलेंडर तक कैसे पहुँचती है?
Refinery या gas plant में बनने के बाद LPG को:
- Large storage tanks में रखा जाता है
- फिर tankers में भरकर bottling plants तक भेजा जाता है
- bottling plant में cylinders में भरी जाती है
- और फिर delivery trucks के जरिए घरों तक पहुँचती है
यानी जो LPG आप घर में इस्तेमाल करते हैं, वह पहले:
refinery / gas plant → storage tank → bottling plant → cylinder → आपका घर
इस पूरे सफर के बाद आपके kitchen तक पहुँचती है।

सिलेंडर के अंदर गैस liquid क्यों होती है?
सिलेंडर के अंदर LPG gas की जगह liquid form में होती है।
ऐसा इसलिए किया जाता है क्योंकि:
अगर गैस को high pressure पर compress किया जाए, तो वह liquid बन जाती है।
इससे फायदा यह होता है कि:
- सिलेंडर में ज़्यादा गैस store हो जाती है
- और इसे transport करना आसान हो जाता है
सिलेंडर के अंदर आमतौर पर:
- नीचे liquid LPG होती है
- ऊपर gas vapor
गैस चूल्हे तक कैसे पहुँचती है?
जब आप सिलेंडर का valve खोलते हैं, तो liquid LPG धीरे-धीरे gas में बदलने लगती है।
फिर यह गैस इस रास्ते से गुजरती है:
Cylinder → Regulator → Gas Pipe → Burner
Regulator का काम होता है pressure को control करना, ताकि गैस safely burner तक पहुँचे।
गैस की लौ नीली क्यों होती है?

जब LPG burner से निकलकर oxygen के साथ mix होती है, तब combustion होता है।
अगर oxygen सही मात्रा में मिले, तो complete combustion होता है।
इसी वजह से:
- नीली लौ (Blue Flame) बनती है
- heat ज़्यादा मिलती है
- और smoke कम बनता है
और इसी heat से हमारा खाना पकता है।
दुनिया की कितनी Cooking Gas Strait of Hormuz से गुजरती है?
दुनिया में जो LPG (Liquefied Petroleum Gas) इस्तेमाल होती है, उसका एक बड़ा हिस्सा Middle East से आता है।
Middle East के कई देशों जैसे Qatar, UAE, Saudi Arabia और Kuwait से LPG और दूसरे petroleum products export होते हैं।
इनमें से ज़्यादातर ships को एक बहुत ही महत्वपूर्ण समुद्री रास्ते से गुजरना पड़ता है, जिसका नाम है Strait of Hormuz।
Strait of Hormuz Persian Gulf और Arabian Sea को जोड़ने वाला एक संकरा समुद्री रास्ता है। यही रास्ता Middle East के oil और gas को दुनिया के बाकी हिस्सों तक पहुँचाने में बहुत बड़ी भूमिका निभाता है।
अंदाज़ा लगाया जाए तो दुनिया की लगभग 20% petroleum supply इसी रास्ते से गुजरती है।
LPG के मामले में भी लगभग 20–25% global supply इस route से गुजरती है।
इसका मतलब यह है कि अगर कभी इस रास्ते में कोई समस्या हो जाए, तो दुनिया के कई देशों में oil और cooking gas की supply पर असर पड़ सकता है।
इसी वजह से Strait of Hormuz को दुनिया के सबसे महत्वपूर्ण energy chokepoints में से एक माना जाता है।